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असम का नया फरमान- मिज़ोरम से घुसने वाले सभी वाहनों की जाँच होगी 

असम-मिज़ोरम सीमा पर झड़प के बाद जारी दोनों राज्यों में तनाव के बीच अब असम ने मिज़ोरम से आने वाले वाहनों के लिए नया आदेश निकाला है। असम सरकार ने अधिसूचना जारी कर कहा है कि वह मिज़ोरम से आने वाले सभी वाहनों की जाँच करेगा। जाँच की वजह कथित अवैध ड्रग्स को रोकना बताया गया है। इससे पहले असम सरकार ने एक एडवायज़री जारी कर असम के लोगों से कहा था कि वे मिज़ोरम न जाएँ क्योंकि उनकी जान को ख़तरा है। इन ताज़ा घटनाक्रमों से लगता है कि दोनों राज्यों के बीच तनाव कम नहीं हो पा रहा है बावजूद इसके कि केंद्रीय गृह मंत्रालय और गृह मंत्री अमित शाह भी शांति लाने के प्रयास में जुटे हुए हैं।

ताज़ा घटनाक्रम में असम पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी जीपी सिंह ने एक ट्वीट में कहा है, 'मिज़ोरम और उसके बाहर से संचालित ड्रग कार्टेल के ख़िलाफ़ अपने हमले को जारी रखते हुए हमने आगे बढ़ने का फ़ैसला किया है। लोगों से अनुरोध है कि हमारे देश के जेननेक्स्ट के हित में सहयोग करें।'

असम सरकार के इस आदेश में कहा गया है, 'अवैध दवाओं के ख़िलाफ़ अभियान के दौरान यह देखा गया है कि अधिकांश दवाएँ सीमा पार से मिज़ोरम के माध्यम से असम होते हुए भेजी गईं। मिज़ोरम के रास्ते अवैध दवाओं की तस्करी समाज के लिए बहुत चिंताजनक और ख़तरनाक है।'

आदेश में कहा गया है, 'अवैध नशीले पदार्थों की तस्करी को रोकने के लिए मिज़ोरम से असम में प्रवेश करने वाले सभी वाहनों की जाँच करना आवश्यक महसूस किया गया। ऐसे वाहनों की असम पुलिस के कर्मियों द्वारा असम-मिज़ोरम सीमाओं पर प्रवेश के सभी बिंदु पर पूरी तरह से जाँच की जाएगी।' इसमें कहा गया है कि वाहनों को तभी छोड़ा जाएगा जब संबंधित अधिकारी संतुष्ट हो जाए कि उनमें कोई नशीले पदार्थ नहीं हैं।
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बता दें कि असम सरकार ने गुरुवार को ही एक एडवायज़री जारी कर असम के लोगों से कहा है कि वे मिज़ोरम न जाएँ क्योंकि उनकी जान को ख़तरा है और इसे किसी भी रूप में स्वीकार नहीं किया जा सकता है। असम सरकार ने यह एलान ऐसे समय किया है जब मिज़ोरम को जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग 306 को असम में बंद कर दिया गया है और कुछ जगहों पर रेल की पटरियाँ उखाड़ दी गई हैं और दो रेल स्टेशनों में तोड़फोड़ की गई है।

असम-मिज़ोरम सीमा पर सोमवार को दोनों राज्यों की पुलिस में झड़पें हुई थीं, जिसमें असम पुलिस के छह जवान और एक नागरिक मारे गए। इसके अलावा 45 लोग घायल हो गए। इसके बाद असम ने मिज़ोरम की आर्थिक नाकेबंदी कर दी।
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असम सरकार ने कहा है, 'कुछ मिज़ो सिविल सोसाइट समूह और छात्र संगठन असम और असमिया लोगों के ख़िलाफ़ भड़काऊ बातें कह रहे हैं। असम पुलिस को मिले वीडियो फुटेज से साफ़ पता चलता है कि मिज़ोरम के कुछ लोग भारी हथियारों से लैस हैं और खुलेआम घूम रहे हैं।'

दूसरी ओर, मिज़ोरम के मुख्यमंत्री ज़ोरमथंगा ने कहा है कि असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा उनके मित्र हैं और उन्होंने उनसे बात की है, पर असम सरकार में कुछ लोग हैं, जो शांति नहीं चाहते। 

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