loader

कॉमेडियन कुणाल कामरा का आरोप, धमकी के बाद बेंगलुरु में शो रद्द 

मनव्वर फ़ारूक़ी के बाद एक और स्टैंड अप कॉमेडियन के शो को ज़बरन रद्द करने की बात कही जा रही है। मशहूर कॉमेडियन कुणाल कामरा ने ट्वीट कर कहा है कि बेंगलुरु में होने वाला उनका शो रद्द कर दिया गया है। 

उन्होंने ट्विटर पर यह भी लिखा है कि आयोजकों को धमकी मिली थी, जिसके बाद उनका शो रद्द कर दिया गया।

कुणाल ने किया व्यंग्य

कुणाल कामरा ने इसकी जानकारी खुद दी। उन्होंने ट्वीट किया, "हैलो बेंगलुरु के लोगों, मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि बेंगलुरु में आने वाले 20 दिनों में मेरे जो शोज होने वाले थे उन्हें रद्द कर दिया गया है। शो दो कारणों से रद्द किए गए हैं, पहला कि हमें वेन्यू पर 45 लोगों को बैठाने की अनुमति नहीं मिली, जबकि इस वेन्यू पर ज्यादा लोगों की बैठने की जगह है, और दूसरा धमकियों की वजह से।" 

इस स्टैंड अप कॉमेडियन ने व्यंग्य करते हुए लिखा, 

मेरा शो होने पर वेन्यू को बंद करवा देने की धमकी ने भी काम खराब किया। मुझे लगता है यह भी कोविड प्रोटोकॉल और नई गाइडलाइंस का हिस्सा है। मुझे लगता है मुझे वायरस के वेरिएंट की तरह देखा जा रहा है।


कुणाल कामरा, स्डैंट अप कॉमेडियन

बता दें कि इसके पहले बेंगलुरु पुलिस ने मुनव्वर फ़ारूक़ी के शो के आयोजकों से उनका शो रद्द करने को कहा था। इसके बाद फ़ारूक़ी ने स्टैंड अप कॉमेडी से रिटायर होने का एलान कर दिया। 

सरकार के आलोचक कुणाल

बता दें कि कुणाल कामरा नरेंद्र मोदी सरकार और सत्तारूढ़ बीजेपी की आलोचना कई मुद्दों पर करते रहे हैं। उन्होंने अपने शो के रद्द होने की सूचना व्यंग्यात्मक तरीक़े से ट्विटर पर दी है। 

कुणाल कामरा ने करियर की शुरुआत बतौर प्रोडक्शन असिस्टेंट की थी। वे एक विज्ञापन एजेंसी में प्रोडक्शन असिस्टेंट थे।

विज्ञापन के क्षेत्र में क़रीब 11 साल काम करने के बाद कुणाल ने बतौर स्टैंड-अप कॉमेडियन अपना करियर शुरू किया था।

अर्णब से पूछे थे सवाल

इसके पहले कुणाल कामरा तब सुर्खियों में आ गए थे जब उन्होंने हवाई जहाज़ में अपने पास बैठे पत्रकार अर्णब गोस्वामी से कुछ सवाल पूछे थे।

उन्होंने इस घटना का वीडियो अपने ट्विटर अकाउंट पर शेयर किया था। कामरा ने लिखा था, ‘लखनऊ जा रही फ़्लाइट में पत्रकार अर्णब गोस्वामी से मुलाक़ात हुई और मैंने उनसे बातचीत करने का आग्रह किया। पहले उन्होंने यह दिखाने की कोशिश की कि वह किसी से फ़ोन पर बात कर रहे हैं और मैं उनके कथित फ़ोन कॉल के ख़त्म होने का इंतजार करता रहा। मैंने उनसे उनकी पत्रकारिता को लेकर सवाल पूछे लेकिन उन्होंने इसका कोई जवाब नहीं दिया और मुझे मानसिक रूप से अस्थिर बताया।’ 

क्या कहा था कुणाल ने?

कामरा ने ट्विटर पर बयान जारी कर कहा, ‘इस दौरान अर्णब अपने लैपटॉप पर कुछ देख रहे थे और उन्होंने मुझसे बात नहीं की। तब मैंने वही किया जो रिपब्लिक टीवी के पत्रकार लोगों के साथ उनकी प्राइवेट या पब्लिक लाइफ़ में करते हैं। मुझे इस पर कोई पछतावा नहीं है, कोई दुख नहीं है।’ 

कामरा ने लिखा था, ‘20 सेकेंड बाद मैं अपनी सीट पर वापस आ गया और मैंने इसके लिये सारे क्रू मेंबर्स और दोनों पायलट से माफ़ी माँगी। मुझे नहीं लगता कि मैंने कुछ ग़लत किया है। मैं सारे यात्रियों से माफ़ी माँगता हूं सिर्फ़ एक के।’

कामरा आगे लिखा था कि उन्होंने यह सब अपने हीरो रोहित वेमुला और उनकी माँ के लिये किया था। 

इसके बाद एयर इंडिया ने ट्वीट कर कहा था, ‘इस तरह के व्यवहार को बर्दाश्त नहीं किया जा सकता और अगले नोटिस तक कुनाल कामरा के एयर इंडिया की किसी भी फ़्लाइट में जाने पर रोक लगा दी गई है।’ 
सत्य हिन्दी ऐप डाउनलोड करें

गोदी मीडिया और विशाल कारपोरेट मीडिया के मुक़ाबले स्वतंत्र पत्रकारिता का साथ दीजिए और उसकी ताक़त बनिए। 'सत्य हिन्दी' की सदस्यता योजना में आपका आर्थिक योगदान ऐसे नाज़ुक समय में स्वतंत्र पत्रकारिता को बहुत मज़बूती देगा। याद रखिए, लोकतंत्र तभी बचेगा, जब सच बचेगा।

नीचे दी गयी विभिन्न सदस्यता योजनाओं में से अपना चुनाव कीजिए। सभी प्रकार की सदस्यता की अवधि एक वर्ष है। सदस्यता का चुनाव करने से पहले कृपया नीचे दिये गये सदस्यता योजना के विवरण और Membership Rules & NormsCancellation & Refund Policy को ध्यान से पढ़ें। आपका भुगतान प्राप्त होने की GST Invoice और सदस्यता-पत्र हम आपको ईमेल से ही भेजेंगे। कृपया अपना नाम व ईमेल सही तरीक़े से लिखें।
सत्य अनुयायी के रूप में आप पाएंगे:
  1. सदस्यता-पत्र
  2. विशेष न्यूज़लेटर: 'सत्य हिन्दी' की चुनिंदा विशेष कवरेज की जानकारी आपको पहले से मिल जायगी। आपकी ईमेल पर समय-समय पर आपको हमारा विशेष न्यूज़लेटर भेजा जायगा, जिसमें 'सत्य हिन्दी' की विशेष कवरेज की जानकारी आपको दी जायेगी, ताकि हमारी कोई ख़ास पेशकश आपसे छूट न जाय।
  3. 'सत्य हिन्दी' के 3 webinars में भाग लेने का मुफ़्त निमंत्रण। सदस्यता तिथि से 90 दिनों के भीतर आप अपनी पसन्द के किसी 3 webinar में भाग लेने के लिए प्राथमिकता से अपना स्थान आरक्षित करा सकेंगे। 'सत्य हिन्दी' सदस्यों को आवंटन के बाद रिक्त बच गये स्थानों के लिए सामान्य पंजीकरण खोला जायगा। *कृपया ध्यान रखें कि वेबिनार के स्थान सीमित हैं और पंजीकरण के बाद यदि किसी कारण से आप वेबिनार में भाग नहीं ले पाये, तो हम उसके एवज़ में आपको अतिरिक्त अवसर नहीं दे पायेंगे।

अपनी राय बतायें

कर्नाटक से और खबरें

ताज़ा ख़बरें

सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें