loader

कांग्रेस नेताओं के विमान लखनऊ एयरपोर्ट पर नहीं उतरने देने का आदेश

कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि लखीमपुर खीरी में इसके नेताओं को जाने से रोका जा रहा है। प्रियंका गांधी को हिरासत में लिए जाने के बाद अब छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और पंजाब के उप मुख्यमंत्री एसएस रंधावा को लखनऊ में हवाई हड्डे पर उतरने की इजाजत नहीं दी गई है। रिपोर्ट है कि रविवार को कथित तौर पर मंत्री के बेटे की कार से कुचलकर 4 किसानों के मारे जाने और हिंसा में 4 अन्य लोगों की मौत के बाद लखीमपुर खीरी ज़िले में निषेधाज्ञा लगा दी गई है। हालाँकि, इसको लेकर भूपेश बघेल ने सवाल उठाए हैं। 

उन्होंने ट्वीट कर पूछा है कि जब निषेधाज्ञा लखीमपुर में है तो लखनऊ में उतरने से क्यों रोका जा रहा है। 

बघेल ने ट्वीट के साथ एयरपोर्ट प्राधिकरण को जारी यूपी सरकार का आदेश भी ट्वीट किया है। उसमें लिखा है, 'लखीमपुर खीरी में घटित घटना के बाद क़ानून व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए धारा 144 के तहत निषेधाज्ञा लागू की गई है।' इसके साथ एयरपोर्ट के अधिकारियों को संबोधित उस आदेश में लिखा गया है कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री और पंजाब के उपमुख्यमंत्री को चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा लखनऊ में उतरने की अनुमति नहीं दें। 

ताज़ा ख़बरें

कांग्रेस ने इसको लेकर जबरदस्त हमला किया है। इसने कहा है कि क्या उत्तर प्रदेश में नागरिक अधिकार स्थगित कर दिए गए हैं। 

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर ज़िले में प्रदर्शन करने जा रहे किसानों को कथित रूप से कार से रौंद कर मार देने के आरोप के बाद बवाल मचा है। आरोप है कि लखीमपुर सांसद व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा टेनी के बेटे मोनू की कार से यह हादसा हुआ है। 4 किसानों की मौत कार से कुचलकर हुई है जबकि चार अन्य लोगों की मौत हिंसा में हुई है। कई अन्य घायल हुए हैं। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी मारे गए उन किसानों के परिवारों से मिलने जा रही थीं तो उनको हिरासत में ले लिया गया। 

उत्तर प्रदेश से और ख़बरें
कांग्रेस ने एक वीडियो ट्वीट किया है जिसमें दिखता है कि पुलिस वालों पर प्रियंका नाराज़ हो रही हैं। वह पुलिसकर्मी से कहती हैं, 'वारंट निकालो, ऑर्डर निकालो। नहीं तो मैं यहां से नहीं हिल रही हूं। और अगर आप मुझे उस कार में डाल देंगे तो मैं अपहरण का आरोप लगाऊंगी। और आरोप पुलिस पर नहीं बल्कि आप पर होगा।' एक अन्य ट्वीट में कांग्रेस ने कहा है, 'श्रीमती प्रियंका गांधी जी के कपड़े खींचे जा रहे हैं। पुलिस के द्वारा भोर के अंधेरे में उनके हाथ मोड़े जा रहे हैं। मुख्यमंत्री जी ! तानाशाही लाख कर लो, हम अन्याय और नफरत के खिलाफ कुर्बानी देने वाले लोग हैं। झुकेंगे नहीं, लड़ेंगे...।'
मायावती ने भी कहा है कि उनके नेता को नज़रबंद कर लिया गया है। उन्होंने ट्वीट किया, 'बीएसपी के राष्ट्रीय महासचिव व राज्यसभा सांसद श्री एससी मिश्र को कल देर रात यहाँ लखनऊ में उनके निवास पर नजरबन्द कर दिया गया जो अभी भी जारी है ताकि उनके नेतृत्व में पार्टी का प्रतिनिधिमण्डल लखीमपुर खीरी जाकर किसान हत्याकाण्ड की सही रिपोर्ट न प्राप्त कर सके। यह अति-दुःखद व निन्दनीय।'
सत्य हिन्दी ऐप डाउनलोड करें

गोदी मीडिया और विशाल कारपोरेट मीडिया के मुक़ाबले स्वतंत्र पत्रकारिता का साथ दीजिए और उसकी ताक़त बनिए। 'सत्य हिन्दी' की सदस्यता योजना में आपका आर्थिक योगदान ऐसे नाज़ुक समय में स्वतंत्र पत्रकारिता को बहुत मज़बूती देगा। याद रखिए, लोकतंत्र तभी बचेगा, जब सच बचेगा।

नीचे दी गयी विभिन्न सदस्यता योजनाओं में से अपना चुनाव कीजिए। सभी प्रकार की सदस्यता की अवधि एक वर्ष है। सदस्यता का चुनाव करने से पहले कृपया नीचे दिये गये सदस्यता योजना के विवरण और Membership Rules & NormsCancellation & Refund Policy को ध्यान से पढ़ें। आपका भुगतान प्राप्त होने की GST Invoice और सदस्यता-पत्र हम आपको ईमेल से ही भेजेंगे। कृपया अपना नाम व ईमेल सही तरीक़े से लिखें।
सत्य अनुयायी के रूप में आप पाएंगे:
  1. सदस्यता-पत्र
  2. विशेष न्यूज़लेटर: 'सत्य हिन्दी' की चुनिंदा विशेष कवरेज की जानकारी आपको पहले से मिल जायगी। आपकी ईमेल पर समय-समय पर आपको हमारा विशेष न्यूज़लेटर भेजा जायगा, जिसमें 'सत्य हिन्दी' की विशेष कवरेज की जानकारी आपको दी जायेगी, ताकि हमारी कोई ख़ास पेशकश आपसे छूट न जाय।
  3. 'सत्य हिन्दी' के 3 webinars में भाग लेने का मुफ़्त निमंत्रण। सदस्यता तिथि से 90 दिनों के भीतर आप अपनी पसन्द के किसी 3 webinar में भाग लेने के लिए प्राथमिकता से अपना स्थान आरक्षित करा सकेंगे। 'सत्य हिन्दी' सदस्यों को आवंटन के बाद रिक्त बच गये स्थानों के लिए सामान्य पंजीकरण खोला जायगा। *कृपया ध्यान रखें कि वेबिनार के स्थान सीमित हैं और पंजीकरण के बाद यदि किसी कारण से आप वेबिनार में भाग नहीं ले पाये, तो हम उसके एवज़ में आपको अतिरिक्त अवसर नहीं दे पायेंगे।

अपनी राय बतायें

उत्तर प्रदेश से और खबरें

ताज़ा ख़बरें

सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें