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अलीगढ़: सामूहिक नमाज़ पढ़ने से रोकने पर पुलिस पर पथराव, योगी बोले - रासुका लगेगा

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में एक मसजिद में सामूहिक नमाज़ पढ़ने से रोकने पर भीड़ ने पुलिसकर्मियों पर पथराव कर दिया। कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर देश भर में संपूर्ण लॉकडाउन किया गया है। मुसलिम समाज के कई उलेमाओं ने लोगों से घर पर ही नमाज़ अदा करने के लिये कहा है। लेकिन बावजूद इसके लोग अलीगढ़ में मसजिद में इकट्ठा हुए और रोकने पर पुलिस पर पथराव कर दिया। पुलिस ने मामले में तीन लोगों को गिरफ़्तार किया है और जांच जारी है। थाना बन्नादेवी इलाक़े में गुरुवार को यह घटना हुई। 

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घटना के बाद सर्किल अफ़सर पंकज श्रीवास्तव ने पत्रकारों से कहा, ‘थाना बन्नादेवी के अंतर्गत मुहल्ला तकिया में एक मसजिद में कुछ लोग इकट्ठा होकर नमाज़ पढ़ रहे थे। सूचना पर पुलिस ने उन्हें समझाने की कोशिश की लेकिन इन लोगों ने उग्र होकर पुलिस पर पथराव कर दिया और मारपीट भी की।’ घटना में कुछ पुलिसकर्मी घायल हो गये हैं। 

सर्किल अफ़सर ने कहा, ‘भीड़ के उग्र होने पर पुलिस को वहां से भागना पड़ा। इसके बाद बड़ी संख्या में पुलिस बल वहां पहुंचा लोगों को समझाया कि हिंसा से कड़ाई से निपटा जायेगा।’ इससे पहले बुधवार को मुज़फ्फरनगर में भी एक सब-इंस्पेक्टर और कांस्टेबल पर भीड़ ने हमला कर दिया था। 

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इस घटना को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ख़ासे सख़्त हो गये हैं। मुख्यमंत्री ने कहा है कि जो लोग पुलिस या किसी अन्य अधिकारी पर हमला करेंगे, उनके ख़िलाफ़ राष्ट्रीय सुरक्षा क़ानून (एनएसए) के तहत कार्रवाई की जाएगी। इससे पहले मध्य प्रदेश के इंदौर में डॉक्टर्स पर हमला करने वाले अभियुक्तों के ख़िलाफ़ एनएसए के तहत कार्रवाई की गयी थी।
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क़मर वहीद नक़वी

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